नई टिहरी। राजकीय महाविद्यालय नैनबाग में अध्ययनरत एक छात्रा को एमए प्रथम सेमेस्टर का परीक्षा फार्म भरने से रोके जाने से छात्रा.छात्राओं ने कड़ा आक्रोश जताया है। छात्रा नेताओं ने महाविद्यालय की प्रवेश समिति की कार्य प्रणाली पर सवाल उठाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कर छात्रा को न्या दिलाने की मांग की। ऐसा न होने पर उग्र आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी।पूर्व छात्रा संघ अध्यक्ष अर्जुन कैंतुराए शिवांश कुंवरए हिमानी ने बताया कि छात्रा पूनम ने वर्ष 2025.26 में नैनबाग महाविद्यालय में एमए समाजशास्त्र में प्रवेश लिया। मानक के अनुरूप उसने रजिस्ट्रेशन शुल्क और पफीस जमा करवाई। प्रवेश के बाद छात्रा को महाविद्यालय की ओर से परिचयपत्र भी जारी किया है लेकिन हाल ही में छात्रा को एमए प्रथम सेमेस्टर के परीक्षा फार्म भरने से रोक दिया गया।यदि छात्रा एमए कक्षा में प्रवेश के मानकों को पूरा नहीं करती थी तो प्रवेश समिति को उन्हें एमए में प्रवेश क्यों दिया गया। प्रवेश समिति को उसी दौरान छात्रा के प्रमाणपत्रों की गहनता से जांच करनी चाहिए थी। प्रवेश समिति की लापरवाही के कारण छात्रा का एक साल का समय बर्बाद हो गया है। वहीं छात्रा पूनम ने बताया वह नियमित रूप से कक्षा में आती रहीए कुछ दिनों पहले परीक्षा फार्म भरने से उन्हें रोक दिया गया। प्राचार्य डॉ0 मुकेश कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। किस स्तर से गलती हुई है यह जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।