देहरादून। रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद ने रोडवेज की साधारण बसों में 15 अगस्त से पहले महिलाओं को सफर की सौगात देने की मांग की है। इसके साथ ही 300 नई बसों की खरीद अन्य मांगों के निराकरण की मांग की है। इसके लिए प्रतिनिधिमंडल ने सीएम पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात की है। प्रदेश महामंत्री दिनेश पंत ने राज्य की परिवहन सुविधा को मजबूत करने और कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए सरकार के सामने मांगों का पुलिंदा रखा है। परिषद का कहना है कि दिल्ली, तमिलनाडु और तेलंगाना की तर्ज पर उत्तराखंड में भी ‘स्त्री शक्ति’ योजना लागू की जानी चाहिए, जिससे पर्वतीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं को आर्थिक राहत मिल सके। इसके साथ ही आगामी अर्द्धकुंभ-2027 और चारधाम यात्रा को ध्यान में रखते हुए 50 इलेक्ट्रिक बसों के साथ 250 नई बसों की तत्काल खरीदने, पिछले 10 से 15 वर्षों से सेवा दे रहे संविदा, विशेष श्रेणी के चालक-परिचालक और तकनीकी कर्मचारियों का शीघ्र विनियमितीकरण करने, बिना परमिट चल रहे निजी व अनुबंधित वाहनों के कारण निगम को हो रहे आर्थिक नुकसान को रोकने के लिए पुलिस व परिवहन विभाग का संयुक्त प्रवर्तन अभियान चलावाने का सुझाव दिया। कर्मचारियों ने जून और जुलाई का बकाया वेतन तत्काल जारी किया जाए और भविष्य में भी हर माह तय समय पर भुगतान सुनिश्चित करने, सीमांत और दूरस्थ जिले उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग और चमोली में नए बस डिपो स्थापित करने की मांग की है।